बाड़मेर-जैसलमेर सांसद उम्मेदाराम बेनीवाल ने कहा- राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे जिस स्थान पर सभा करके आए, उस स्थान को अपवित्र मानते हैं, यह कितना बड़ा दुर्भाग्य है। आजादी के 80 साल बाद भी इस तरीके की मानसिकता वाले लोग देश को क्या संदेश देना चाहते हैं। एक तरफ विकसित भारत की बात कर रहे हैं, दूसरी तरफ शिक्षा के लिए लोग प्रदर्शन कर रहे हैं। उन्होंने कहा – नफरत फैलाकर विश्वगुरु बनना चाहते हैं, लेकिन इनकी नाकाम कोशिश कभी कामयाब नहीं होगी। जेन-जी और जेन अल्फा को बेवकूफ नहीं बना सकते, बच्चे हमसे ज्यादा एडवांस हैं। प्रदर्शन करने वाले बच्चों ने किस प्रकार मीम बनाए, उनकी गलत नीतियों का भंडाफोड़ बच्चों ने किया। मैं उनकी हिम्मत की दाद देता हूं। दरअसल, बाड़मेर जिला कांग्रेस कमेटी की ओर से सेड़वा से रामसर तक 100 किलोमीटर की सद्भावना पदयात्रा 14 अगस्त को शुरू हुई थी। दूसरे दिन 15 अगस्त को यात्रा चौहटन पहुंची। यात्रा का आज तीसरा दिन है। 18 अगस्त को रामसर पहुंचने के बाद सभा होगी। इसमें सांसद उम्मेदाराम बेनीवाल, बायतु विधायक हरीश चौधरी, पूर्व मंत्री गफूर अहमद, पूर्व विधायक पदमाराम मेघवाल, जिलाध्यक्ष लक्ष्मणसिंह गोदारा समेत जिले के कांग्रेस कार्यकर्ता और पदाधिकारी शामिल हुए। बाड़मेर-जैसलमेर सांसद उम्मेदाराम बेनीवाल से सवाल-जवाब सवाल: बीजेपी का कहना है कि हमने अवैध अतिक्रमण हटाएं है?
जवाब: बीकानेर के अंदर नोटिस दिए थे। उनको क्यों नहीं हटाए? वहां पर अलग नियम और बाड़मेर में अलग नियम। एक देश में दो अलग-अलग नियम कैसे हो सकते हैं? संविधान सबके लिए एक है। लेकिन बीजेपी की दुर्भावनापूर्ण नीति है। यह अलग-अलग नजरिए से देखते हैं। वहां अलग संप्रदाय के लोगों के लिए अलग नजरिए से देखते हैं। दूसरे संप्रदाय को अलग नजरिए से देखती है। यहां पर अशांति और नफरत फैलाने के मकसद से कार्रवाई की, इसके खिलाफ पूरा थार एक है। सवाल: हल्द्वानी में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की सभा वाली जगह के शुद्धिकरण को लेकर क्या हुआ?
जवाब: वहां पर पहली बार नहीं हुआ है। बीजेपी के कार्यकर्ताओं की ओर से शुद्धिकरण, पूजन की प्रक्रिया की गई। बहुत शर्मनाक और निंदनीय है। हमारे राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे जिस स्थान पर सभा करके आए, उस स्थान को अपवित्र मानते हैं, यह कितना बड़ा दुर्भाग्य है। आजादी के 80 साल बाद भी इस तरीके की मानसिकता वाले लोग देश को क्या संदेश देना चाहते हैं। एक तरफ विकसित भारत की बात कर रहे हैं। दूसरी तरफ शिक्षा के लिए लोग प्रदर्शन कर रहे हैं। शिक्षा के नाम पर लोगों की बड़ी ठगी हो रही है। बेरोजगारी दिन-ब-दिन बढ़ रही है। महंगाई आसमान छू रही है। ऐसे माहौल में विकास, डेवलपमेंट, एजुकेशन, रोजगार की बात करनी चाहिए। इसको छोड़कर नफरत फैलाकर विश्व गुरु बनना चाहते हैं। इनकी नाकाम कोशिश कभी कामयाब नहीं होगी। सवाल: बीजेपी आरोप लगा रही है कि राहुल गांधी ने विदेशी नीति पर पीएम का मजाक उड़ाया?
जवाब: राहुल गांधी ने क्या, पूरे देश के छोटे-छोटे बच्चे, जेन जी, जेन अल्फा और बुद्धिजीवी लोगों ने उनकी नीतियां समझ में आ गई हैं। जिस तरीके से आधी रात को वीडियो जारी करते हैं। प्रदर्शन करने वाले बच्चों ने किस प्रकार मीम बनाए, उनकी गलत नीतियों का भंडाफोड़ बच्चों ने किया। मैं उनकी हिम्मत की दाद देता हूं। आज यह नई जनरेशन के बच्चे, हमारी जनरेशन से बहुत ज्यादा एडवांस हैं। आने वाली जनरेशन इससे भी ज्यादा एडवांस है। अब बातों से बेवकूफ नहीं बनाया जा सकता है। जो विकसित भारत का सपना देख रहे हैं, वो शिक्षित भारत के बिना विकसित भारत का सपना, सपने के बराबर है। इनकी उल्टी-सीधी अफवाहों की राजनीति का समय खत्म हो गया है। साल 2012 से 2014, दो साल में जिस तरीके से मीडिया का मिसयूज किया। उस समय पूरा देश आर्थिक मंदी से गुजर रहा था। उन परिस्थितियों में हमारे पीएम स्व. मनमोहन सिंह की आर्थिक नीतियों की वजह से भारत संकट से मजबूत हुआ। उनकी छवि और राहुल गांधी की छवि को धूमिल करने के लिए जो प्रचार-प्रसार किया। इन सभी चीजों से इनका भंडाफोड़ हो चुका है। अब लोग समझ चुके हैं, खाली धर्म और नफरत से देश नहीं चलता है। सांसद ने कहा- राहुल गांधी की छवि को खराब करने के लिए करोड़ों रुपए खर्च किए। बीते कई सालों से राहुल गांधी मेहनत कर रहे हैं। लेकिन अब देश के लोगों को समझ में आ रहा है कि राहुल गांधी की बात में कितना दम है। वो छात्रों के हित की बात करते हैं। छात्रों की गूंज प्रोग्राम के माध्यम से छात्रों के साथ हो रहे अन्याय, शिक्षा के नाम पर जो लूट को उजागर किया। विदेश नीति के ऊपर सरकार की स्थिति को समझाया है। सवाल: बाड़मेर में कांग्रेस की गुटबाजी देखने को मिल रही है, नेता जयपुर गए?
जवाब: जयपुर, दिल्ली जाएं, सभी नेताओं को बात करने का अधिकार है। संवाद से जो समस्याओं का हल होता है। उनकी कोई समस्या होगी। कोई गुटबाजी नहीं है। जयपुर जाने वाले आधे से ज्यादा लोग हमारे साथ में थे। किसी का व्यक्तिगत हित हो सकता है। मेरा व्यक्तिगत हित अलग हो सकता है। व्यक्तिगत हित से पार्टी अलग है। पार्टी के हित सोचने से आगे बढ़ेगी। लोगों ने तय कर लिया है कि कांग्रेस पार्टी को सपोर्ट करना है। मजबूती पंच से प्रधान, प्रमुख तक सारे चुनाव कांग्रेस पार्टी के पक्ष में रहेंगे। सद्भावना पदयात्रा से जुड़ी तस्वीरें
